रायगढ़ के खरसिया में हुए हत्याकांड ने लोगों को झकझोर कर रख दिया है
छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले के खरसिया में हुए एक दिल दहला देने वाला हत्याकांड ने लोगों को झकझोर कर रख दिया है एक ही परिवार के चार लोगों की हत्या कर जमीन में दफन कर दिया गया था जिसमें दो छोटे बच्चे भी शामिल है

रायगढ़ के खरसिया में हुए हत्याकांड ने लोगों को झकझोर कर रख दिया है
रायगढ़ : छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले के खरसिया में हुए एक दिल दहला देने वाला हत्याकांड ने लोगों को झकझोर कर रख दिया है एक ही परिवार के चार लोगों की हत्या कर जमीन में दफन कर दिया गया था जिसमें दो छोटे बच्चे भी शामिल है पुलिस मामले की जांच कर रही है शवों को पोस्ट मार्टम के लिए भेज दिया गया है मृतक परिवार की एक मात्र 15 साल की बच्ची बची है


जो घर से बाहर पढ़ रही है घटना की जानकारी आज गुरुवार 11 सितंबर को तब मिली जब लोगों को खरसिया के ठुसेकेला गांव के राजीव नगर में राज मिस्त्री का काम करने वाले बुधराम उरांव के घर से तेज बदबू का एहसास हुआ और उन्होंने घर के भीतर झांक कर देखा तो जगह जगह खून के छींटे दिखाई दिए जिसकी सूचना उन्होंने पुलिस को दी तो फायरेंसिक एक्सपर्ट एवं डॉग स्क्वायड के साथ मौके पर पहुंची घर में खून के छींटे के अलावा बाड़ी में ताजा खोदी गई

जमीन के निशान भी मिले जमीन को खुदवाया गया तो चार लाशे मिली जिनकी शिनाख्त बुधराम उरांव उसकी पत्नी सौहाद्रा एवं 12 साल के बेटे अरविंद 3 साल की बेटी शिवांगी के रूप में हुई जिनके शरीर पर टांगी (कुल्हाड़ी) से मारे जाने के निशान पाए गए गांव वालों का कहना था कि बुधराम के परिवार को तीन चार दिन से गांव में नहीं देखा गया था लाश से उठने वाली बदबू से भी यह अनुमान लगाया जा रहा है कि हत्या को तीन से चार दिन पहले अंजाम दिया गया है इसके अलावा हत्या के दौरान किसी के चीखने चिल्लाने की आवाज आस पास के लोगों द्वारा नहीं सुने जाने से परिवार के रात में गहरी नींद में होने की भी संभावना है l

इसके साथ यह भी पता चलता है कि हत्यारे ने पहले बुधराम को मारा उसके बाद पत्नी सौहद्रा ओर फिर बच्चों की हत्या की बहरहाल पुलिस घटना की जांच कर रही है फॉरेंसिक टीम ने मौके से फिंगर प्रिंट कलेक्ट किए है और पुलिस डॉग ने घर के पास ही रहने वाले एक शख्स को आइडेंटिफाई किया है जिससे पुलिस पूछताछ कर रही है हत्या के कारण का अभी पता नहीं चल सका है लेकिन गांव के लोगों का कहना था कि बुधराम ने उसके पास काफी पैसा होने की अफवाह उड़ा रखी थी जिसके कारण पैसे वाला यह एंगल हत्या का कारण हो सकता है और जिस नृशंसता एवं क्रूरता से हत्या को अंजाम दिया गया है उससे आपसी रंजिश की संभावना को भी खारिज नहीं किया जा सकता परिवार की एक मात्र बेटी ही बची है

क्योंकि वह बाहर पढ़ती थी इसी तरह का एक हत्या कांड 1978 में रायगढ़ के बड़माल में भी हुआ था जिसमें जमीन विवाद को लेकर उन्हीं के रिश्तेदारों ने तीन महिलाओं के साथ मां के स्तन से दूध पी रहे एक अबोध शिशु सहित 9 लोगो की हत्या की थी उसमें भी मृतक परिवार का एक युवक बच गया था जो हत्या के समय गांव से बाहर गया हुआ था उस समय पुलिस ने इस मामले की इतनी पुख्ता इन्वेस्टिगेशन की थी कि सभी सात लोगों को आजीवन कारावास की सख्त सजा मिली थी।








