

बिलासपुर। CG NEWS : अपनी बेटी के साथ दुष्कर्म करने वाले उद्योगपति, पति को गिरफ्तार करने की मांग को लेकर कलेक्ट्रेट में 48 घंटों से अनशन पर बैठी रही महिला को आखिर पुलिस ने आधी रात को खदेड़ दिया। सूत्रों कि माने तो पहले महिला को सीडब्ल्यूसी ऑफिस में बुलाया गया. वहां से महिला फिर वापस धरना स्थल पर नहीं लौटी।
कलेक्ट्रेट के सामने प्रदर्शन कर रहे आप कार्यकर्ताओं को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। महिला ने पुलिस और चाइल्ड वेलफेयर कमेटी (CWC) पर सवाल उठाए हैं। केस दर्ज होने के बाद से पीड़ित 9 साल की बच्ची CWC के पास कैद है। बेटी को पाने के लिए बेबस मां 48 घंटे से अधिक समय से धरने पर बैठी थी। सकरी क्षेत्र की रहने वाली महिला हाउस वाइफ हैं और उनका परिवार भी कारोबारी हैं।

उनकी शादी साल 2008 में रायगढ़ में रहने वाले फैक्ट्री संचालक से हुई थी। शादी के बाद उनकी बेटी हुई लेकिन, पति-पत्नी के बीच संबंध ठीक नहीं थे। पत्नी का कहना है कि पति बिना बात के विवाद करता था। पति की आए दिन की प्रताड़ना से तंग आकर महिला अपनी 9 साल की बेटी को लेकर बिलासपुर में अपने मायके में आकर रहने लगी।
इस मामले में पुलिस की भूमिका संदिग्ध नजर आ रही है सीडब्ल्यूसी को केवल 8 दिन ही किसी को कस्टडी में रखने का अधिकार है इसके बाद न्यायालय में पेश करना जरूरी है। दुष्कर्म पीड़ित बच्ची को पुलिस ने एक तो न्यायालय में पेश नहीं किया और उसे उसकी स्वाभाविक अभिभावक मां को भी नहीं सौंपा गया। पुलिस उसके पति को क्यों गिरफ्तार नहीं कर पा रही है तरह-तरह के सवाल उठ रहे हैं।





